पदोन्नति और मांगों की अनदेखी के विरोध में सितंबर में मुख्यमंत्री आवास घेराव की चेतावनी – Apnu Uttarakhand
प्रेस क्लब उत्तराखंड देहरादून के सभागार में राजकीय शिक्षक संघ उत्तराखंड की ओर से एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई प्रांतीय अध्यक्ष राजकीय शिक्षक संघ राम सिंह चौहान ने उक्त कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा की सरकार लगातार शिक्षकों के प्रति दुराग्रह रखकर कार्य कर रही है विगत दो वर्षों से संगठन शत प्रतिशत पदोन्नति ,प्रधानाचार्य विभागीय सीधी भर्ती का निरस्तीकरण और स्थानांतरण और 34 सूत्रीय मांग पत्र पर 18 अगस्त से लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं परंतु सरकार के की ओर से संज्ञान ना लिया जाना शिक्षकों के प्रति सरकार कितनी गंभीर है व छात्र हित को देखते हुए भी कोई निर्णय न लिया जाना यह सरकार की हद्धार्मिता को प्रदर्शित करता है।
जहां एक ओर सरकार पूरे सेवा काल में तीन पदोन्नति की बात करती है वहीं शिक्षकों को 30एव 35 वर्षों तक एक भी पदोन्नति न होना दुर्भाग्य नहीं तो और क्या कहा जाए शिक्षा अपने तन्मयता के साथ पूर्ण निष्ठा के साथ अपना शिक्षण कार्य के अतिरिक्त जनगणना भवन गणना निर्वाचन कार्य ,आर्थिक गणना, बाल गणना ऐसा कोई कार्य नहीं है जिसको शिक्षक नहीं करते हैं।
या सरकार शिक्षकों की मदद से काम ना करवाती हो परंतु शिक्षकों के प्रति इतनी उदासीनता सरकार की ओर से दिखाना शिक्षकों के भीतर उनको उद्वेलित करना और आंदोलन के लिए मजबूर करना सरकार की हटधर्मिता को दिखता है प्रेस क्लब में प्रांतीय महामंत्री रमेश चंद्र पैन्यूली ने स्पष्ट रूप से बताया कि विगत दो वर्षों में सरकार शासन विभाग हर स्तर पर संगठन कई दौर की वार्ता कर चुका है परंतु परिणाम शून्य है। वर्तमान में छात्र हित को देखते हुए संगठन ने निर्णय लिया है कि शिक्षण के अलावा शिक्षक और कोई भी कार्य नहीं करेंगे जैसे कीड़ा प्रतियोगिताएं विद्यालय से बाहर की विज्ञान प्रतियोगिताएं विद्यालय से बाहर की, बी एल ओ, किसी भी प्रकार के प्रशिक्षण का बहिष्कार करेंगे मात्र विद्यालय में उपस्थित रहकर शिक्षण का कार्य करेंगे सभी प्रभारी प्रधानाचार्य अपना प्रभार त्याग कर सभी प्रकार के डाक भेजना सूचनाओं भेजना विद्या समीक्षा केंद्र की उपस्थिति भेजना कोई भी कार्य नहीं करेंगे छात्र हित में मात्र शिक्षण कार्य करेंगे इसके अतिरिक्त और कोई भी कार्य नहीं करेंगे सरकार अगर शिक्षकों की पदोन्नति नहीं करती है।
उक्त तीनों मांगों पर एवं 34 सूत्रीय मांग पत्र पर कार्यवाही नहीं होती है तो शिक्षक महा सितंबर में ही मुख्यमंत्री आवास का घेराव सचिवालय का घेराव एवं हरिद्वार में प्रधानाचार्य विभागीय सीधी भर्ती नियमावली का विरोध हेतु तर्पण भी करेंगे।सरकार का बार-बार या कहना कि शिक्षक कोर्ट केस वापस लेगे तो पदोन्नति तत्काल होगी जबकि न्यायालय में जाना हर व्यक्ति का संवैधानिक अधिकार है जो कि विभाग की ओर से अनीयमितताये की गई हैं और उनका ठीक नहीं किया गया है कई चेतावनी देने के बाद भी विभाग नहीं माना तो शिक्षक मजबूरी में न्यायालय गए हैं।
अगर सरकार अपने किए गए गलत ठीक कर देता है तो पदोन्नतियां स्वत ही हो जाएंगे या सरकार माननीय न्यायालय के निर्णय के अधीन अन्य विभागों की भांति पदोन्नति कर सकता है पूर्व में होता रहा है। आज की प्रेस कॉन्फ्रेंस में मीडिया प्रभारी प्रणय बहुगुणा ,गढ़वाल मंडल अध्यक्ष श्याम सिंह सरियाल जिला अध्यक्ष देहरादून कुलदीप सिंह कंडारी जिला मंत्री देहरादून अर्जुन सिंह पवार उपस्थित रहे वह प्रान्तीय अध्यक्ष ने बड़ी बेबाकी से पत्रकारों की सभी बातों का स्पष्ट और तथ्यात्मक शासनादेशों उल्लेख करते हुए जवाब दिया।
